उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय के अंतर्गत ब्यूरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड (BIS) हॉलमार्किंग के लिए अधिकृत अथॉरिटी है. इसने तीन ग्रेड 14 कैरेट, 18 कैरेट और 22 कैरेट में गोल्ड ज्वैलरी हॉलमार्किंग के लिए मानक तय किया है. हालांकि, वाणिज्य मंत्रालय विश्व व्यापार संगठन (WTO) को जानकारी देने के बाद किसी भी तरह के अनिवार्य रेग्युलेशन लाने के लिए नोटिफिकेशन जारी कर सकता है.
हॉलमार्किंग अनिवार्य करने का प्रावधान है: पासवान
राम विलास पासवान ने कहा, ”गोल्ड ज्वैलरी की हॉलमार्किंग अनिवार्य करने के लिए हमने वाणिज्य मंत्रालय को प्रस्ताव भेजा है. उपभोक्ताओं के हितों को ध्यान में रखते हुए दिवाली से पहले प्राथमिकता के आधार पर इसे मंजूर कर देना चाहिए.” उन्होंने बताया कि नया BIS Act, 2016 के तहत हॉलमार्किंग अनिवार्य करने का प्रावधान है. नीति आयोग, बीआईएस के सीनियर अधिकारियों और वाणिज्य मंत्रालय समेत 14 अन्य विभागों के साथ मानक बनाने और लागू Karne पर बुलाई गई एक बैठक में यह मामला संज्ञान में आया है.