इस समय जोमैटो उन रेस्टोरेंटों के साथ करार कर रही है, जो पहले से ही जोमैटो ऐप के जरिये डिलिवरी दे रहे हैं। दीपेंदर गोयल की अगुआई वाली इस कंपनी ने जोमैटो गोल्ड कार्यक्रम के लिए शुरुआती सदस्यता फीस 10,000 रुपये रखी है। यह कार्यक्रम केवल उनकी रेस्टोरेंट में मुहैया कराया जा रहा है, जहां दो लोगों के खाने का खर्च 500 रुपये से अधिक है। जोमैटो के एक प्रवक्ता ने कंपनी की इस पहल की पुष्टि की। कंपनी ने ईमेल से भेजे एक बयान में कहा, ‘जोमैटो गोल्ड को ग्राहकों और रेस्टोरेंटों ने बहुत अधिक पसंद किया है। हम लगातार इस पेशकश का दायरा बढ़ाने की कोशिश कर रहे हैं। इस समय हम एक बड़े बदलाव पर काम कर रहे हैं, जिसे जल्द ही लागू किया जाएगा।’
जोमैटो गोल्ड योजना फिलहाल केवल रेस्टोरेंटों में खाना खाने के लिए उपलब्ध है। इसमें यूजर 6,000 से अधिक रेस्टोरेंटों में दो खाद्य उत्पादों या चार ड्रिंक्स का आधी कीमत पर ऑर्डर दे सकते हैं। इस कार्यक्रम को जनवरी 2018 में शुरू किया गया था। इसे अच्छी सफलता मिली है। सूत्रों के मुताबिक कंपनी की कुल आमदनी में जोमैटो गोल्ड सबस्क्रिप्शन से होने वाली आय की हिस्सेदारी करीब 20 फीसदी है। कंपनी के 31 मार्च, 2019 को 10 लाख सक्रिय जोमैटो गोल्ड ग्राहक थे। विशेषज्ञों का कहना है कि जोमैटो गोल्ड ने यूजर्स को न केवल आने का ऑर्डर देने बल्कि रेस्टोरेंट खोजने और खाना खाने के लिए जोमैटो के इस्तेमाल के लिए लुभाया है।