राजमार्ग प्राधिकरण रोज करीब डेढ़ से दो लाख फास्टैग की बिक्री देख रहा है. यह इस बात का स्पष्ट संकेत है कि लोग इस डिजिटल व्यवस्था को स्वीकार कर रहे हैं. अधिकारी ने कहा कि इसके परिणामस्वरूप, दैनिक इलेक्ट्रॉनिक टोल कलेक्शन करीब 46 करोड़ रुपये पर पहुंच गया है. बता दें, फास्टैग रिचार्ज होने वाला प्रीपेड टैग है जिसका टोल पर अपने आप बिना रुके ऑनलाइन भुगतान हो जाएगा. NHAI ने यात्रा को आसान बनाने के लिए 15 दिसंबर से देशभर के अपने 523 टोल प्लाजा पर RFID आधारित फास्टैग से टोल कलेक्शन शुरू किया है.
8 दिन टोल लेनदेन की संख्या करीब 24 लाख
अधिकारी ने कहा, “फास्टैग व्यवस्था शुरू होने के आठ दिन के भीतर ही फास्टैग से रोजाना आधार पर टोल लेनदेन की संख्या करीब 24 लाख पर पहुंच गई है.” उन्होंने कहा कि राजमार्ग प्राधिकरण इस व्यवस्था के शुरू होने के बाद से यात्रियों द्वारा उठाई जा रही समस्याओं को सुलझाने के लिए कड़ी मेहनत कर रहा है. अब तक उठाए गए सभी मुद्दों पर एनएचएआई के अधिकारी काम कर रहे हैं.